महिलाओं के खिलाफ अपराध में देश के 187 सांसद और विधायक शामिल, रिपोर्ट में खुलासा
MP and MLA Criminal Records: एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (ADR) और ‘नेशनल इलेक्शन वॉच’ द्वारा जारी की गई एक चौंकाने वाली रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ है कि देश भर के विभिन्न राजनीतिक दलों के 187 वर्तमान सांसद और विधायक महिलाओं के खिलाफ अपराध के मामलों का सामना कर रहे हैं। इस विश्लेषण में देश के कुल 4899 में से 4881 वर्तमान सांसदों और विधायकों के चुनावी शपथ पत्रों (Affidavits) का अध्ययन किया गया है, जिसमें 5 साल की अवधि के दौरान उपचुनावों के आंकड़े भी शामिल हैं।
एडीआर की रिपोर्ट के अनुसार, देश के 772 वर्तमान सांसदों और 4109 वर्तमान विधायकों में से कुल 187 वर्तमान सांसदों और विधायकों ने अपने ऊपर महिलाओं के अत्याचार से जुड़े मामले घोषित किए हैं। इनमें 19 वर्तमान सांसद और 168 (रिपोर्ट के एक अन्य भाग के अनुसार 188) वर्तमान विधायक शामिल हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, देश के 14 वर्तमान सांसदों और विधायकों पर सीधे तौर पर बलात्कार (Rape) के मुकदमे दर्ज हैं। इनमें 2 वर्तमान लोकसभा सांसद और 12 वर्तमान विधायक शामिल हैं। बलात्कार के मामलों में दलवार स्थिति के आधार पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) और कांग्रेस सबसे ऊपर हैं (भाजपा के 2 सांसद और 2 विधायक, जबकि कांग्रेस के 4 विधायकों पर ऐसे मामले हैं)।
किस पार्टी के कितने नेता आरोपी
एडीआर की रिपोर्ट के अनुसार, महिलाओं के खिलाफ अपराध से जुड़े मामले घोषित करने वाले जनप्रतिनिधियों में विभिन्न राजनीतिक दलों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) सूची में सबसे ऊपर है, जिसके सबसे अधिक 106 वर्तमान सांसदों और विधायकों पर ऐसे मामले दर्ज हैं। वहीं दूसरे स्थान पर कांग्रेस (Congress) है, जिसके 20 वर्तमान सांसदों और विधायकों पर महिलाओं के खिलाफ अत्याचार के मुकदमे हैं। इसी क्रम में तेलुगु देशम पार्टी (TDP) तीसरे स्थान पर है। टीडीपी के 18 वर्तमान सांसदों और विधायकों पर महिला अपराध से जुड़े मामले दर्ज हैं।
राज्यों के लिहाज से स्थिति
राज्यवार आंकड़ों पर नजर डालें तो इस मामले में पश्चिम बंगाल सबसे आगे है। यहां सबसे अधिक 69 वर्तमान सांसद और विधायक ऐसे हैं जिन पर महिलाओं के खिलाफ अपराध से जुड़े मामले हैं। इस सूची में 22 जनप्रतिनिधियों के साथ आंध्र प्रदेश दूसरे स्थान पर है। वहीं ओडिशा के 17 वर्तमान सांसद और विधायक ऐसे मामलों का सामना कर रहे हैं।
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एनसीआरबी (NCRB) के आंकड़े भी आए सामने
रिपोर्ट में राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के आंकड़ों का भी हवाला दिया गया है, जिसके अनुसार वर्ष 2024 में पूरे देश में महिलाओं के खिलाफ अपराध के 4,41,534 मामले दर्ज किए गए थे। इस हिसाब से देश में प्रतिदिन औसतन 1210 मामले सामने आए। इसके अलावा, दिल्ली और तेलंगाना में महिलाओं के खिलाफ अपराध की दर (प्रति लाख महिला आबादी पर 64.6 मामले) राष्ट्रीय औसत से लगभग दोगुनी दर्ज की गई है, जो सुरक्षा व्यवस्था पर एक बड़ा सवालिया निशान खड़ा करती है।
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