Kahani: सफलता पाने के लिए बुरी परिस्थिति का रोना न रोएं

Kahani: सफलता की कुंजी एक ऐसा चिराग है, जिसे हर कोई पाना चाहता है। लेकिन इसके लिए मेहनत, परिश्रम, धैर्य, बल, आत्मविश्वास, जैसी कई चीजें व्यक्ति में होनी चाहिए। सफलता…

मॉरीशस और फीजी : विश्व हिंदी सम्मेलन के झरोखे से

Book Review: प्रलेक, मुंबई ने अभी-अभी एक पुस्तक प्रकाशित की है। उसका शीर्षक है ‘मॉरीशस और फीजी: विश्व हिंदी सम्मेलन के झरोखे से।’ इसके लेखक हैं कृपाशंकर चौबे जो हिंदी…

Kavita: बहानेबाजी

काम करने का एक ही रास्ता मेहनत से सदा रखें वास्ता ना काम करने के सौ बहाने बातों से ही किले बनाने।। जो हैं मेहनत के अनुयाई उन्होंने मार कभी…

Devshayani Ekadashi: लोक मंगल की तिथि देवशयनी एकादशी अर्थात पद्मनाभा

Devshayani Ekadashi: आज देव शयनी एकादशी (Devshayani Ekadashi) है। यह लोकमंगल की तिथि है। सनातन हिंदू आर्य वैदिक परंपरा में एकादशी का व्रत महत्वपूर्ण स्थान रखता है। प्रत्येक वर्ष चौबीस…

Kavita: नदियों की दुर्गति से समझें

है शरीर यदि स्वस्थ्य हमारा, हम कुछ भी कर सकते हैंI कोई असम्भव कार्य नहीं है, ऊंची उड़ान भर सकते हैं।। स्वस्थ शरीर के लिए चाहिए, नस नाड़ी सब स्वस्थ्…

Kahani: चार ढेरियां रेत की

Kahani: एक राजा था, उसके कोई पुत्र नहीं था। राजा बहुत दिनों से पुत्र की प्राप्ति के लिए आशा लगाए बैठा था, लेकिन पुत्र की प्राप्ति नहीं हुई। उसके सलाहकारों…

Pauranik Katha: जानें क्या है लक्ष्मण रेखा, कुरुक्षेत्र में किसने किया था अंतिम बार प्रयोग

Pauranik Katha: लक्ष्मण रेखा आप सभी जानते हैं पर इसका असली नाम शायद कम लोगों को ही पता हो। लक्ष्मण रेखा का नाम सोमतिती विद्या है। यह भारत की प्राचीन…

भारत की धरती का लंबा इतिहास होना चाहिए

प्रत्यक्ष पर्यावरण प्रकृति की संरचना है। भारत के प्राचीन काल में भी प्राकृतिक पर्यावरण की उपस्थिति मनमोहक थी। प्रकृति को देखते, उसके विषय में सोचते और सुनते मनुष्य ने भी…

Kahani: कर्मफल का भोग टलता नहीं

Kahani: एक राजा बड़ा धर्मात्मा, न्यायकारी और परमेश्वर का भक्त था। उसने ठाकुरजी का मंदिर बनवाया और एक ब्राह्मण को उसका पुजारी नियुक्त किया। वह ब्राह्मण बड़ा सदाचारी, धर्मात्मा और…