कर्नाटक के डीजीपी का महिला के साथ वीडियो वायरल, सियासी गलियारों में हड़कंप

dgp ramachandra rao viral video

Newschuski Digital Desk: कर्नाटक पुलिस के एक वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी और वर्तमान डीजीपी डॉ. के. रामचंद्र राव एक विवादित वीडियो के कारण चर्चा में हैं, जिसमें उन्हें सरकारी वर्दी में अपने ऑफिस चैंबर में एक महिला के साथ अंतरंग पल बिताते हुए दिखाया गया है। इस घटना ने पूरे राज्य में प्रशासनिक और राजनीतिक हलचल मचा दी है।

वायरल वीडियो में डीजीपी रैंक के अधिकारी रामचंद्र राव को उनके आधिकारिक चैंबर में एक महिला को गले लगाते और चूमते हुए देखा जा सकता है। यह वीडियो जनवरी, 2026 में सामने आया है और माना जा रहा है कि इसे छिपकर रिकॉर्ड किया गया था।

सीएम सिद्धारमैया का सख्त रुख

मामला सामने आते ही मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने तत्काल कार्रवाई की घोषणा की। उन्होंने कहा, मुझे आज सुबह इस बारे में पता चला। हम इसकी पूरी जांच कराएंगे। अधिकारी कितना भी सीनियर हो, कोई भी कानून से ऊपर नहीं है। अगर अनुशासन में कमी पाई गई तो उचित कार्रवाई होगी। सीएम ने विभाग से तुरंत विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।

राव का बचाव: वीडियो फर्जी है, साजिश

डॉ. रामचंद्र राव ने आरोपों को सख्ती से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि यह वीडियो पूरी तरह से मॉर्फ्ड और एडिटेड है और उन्हें बदनाम करने के लिए एक साजिश के तहत बनाया गया है। उन्होंने अपने 30 साल के बेदाग करियर का हवाला देते हुए कहा कि कुछ लोग जानबूझकर उन्हें परेशान कर रहे हैं।

पिछला गोल्ड स्मगलिंग विवाद

यह विवाद इसलिए भी गंभीर है क्योंकि राव पहले से ही एक गोल्ड स्मगलिंग मामले में विवादों में घिरे हैं, जिसमें उनकी सौतेली बेटी और कन्नड़ अभिनेत्री रान्या राव मुख्य आरोपी हैं। मार्च 2025 में रान्या राव को दुबई से 14.2 किलो सोना (लगभग 12.5 करोड़ रुपये का) बेल्ट में छिपाकर लाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।

इसे भी पढ़ें: महाराष्ट्र नगर निकाय चुनाव परिणाम से निकला जनादेश

आरोप था कि उन्हें पुलिस एस्कॉर्ट दिलाने में उनके पिता का दखल था, हालांकि राव ने इससे खुद को अलग बताया था। इस मामले में राव को अनिवार्य छुट्टी पर भेजा गया था, लेकिन अगस्त 2025 में उन्हें DGP पद पर बहाल कर दिया गया था।

सरकार अब वीडियो की फोरेंसिक जांच करा रही है, ताकि इसकी वास्तविकता सामने आ सके। अगर वीडियो फर्जी पाया जाता है, तो साजिश रचने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो सकती है। लेकिन अगर वीडियो सही पाया जाता है, तो राव के खिलाफ अनुशासनात्मक और कानूनी कार्रवाई का रास्ता खुल सकता है, जिसमें निलंबन या अवकाश भी शामिल हो सकता है।

इसे भी पढ़ें: नेहा सिंह राठौर जांच में सहयोग देने हजरतगंज थाने पहुंचीं

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया NEWS CHUSKI के Facebook पेज को LikeTwitterInstagram पर Follow करना न भूलें...