नारद मोह, मनु सतरूपा की लीला का हुआ मंचन

0
50
Shri Ramlila Mahotsav

बस्ती: श्री रामलीला महोत्सव बस्ती का शुभारंभ मुख्य विकास अधिकारी राजेश प्रजापति, डॉ. श्रेया व समाजसेवी शत्रुघ्न प्रसाद दूबे ने दीप प्रज्वलन व भगवान श्री राम के चित्र पर पुष्पार्चन, माल्यार्पण कर किया। शुभारंभ के समय पण्डित देवस्य मिश्र व उपस्थित समिति के लोगो ने मंगलाचरण के मंत्रो व देवताओं की स्तुति की। अटल विहारी बाजपेयी प्रेक्षागृह में 17 से 26 तक होने वाली श्री रामलीला महोत्सव का भव्य शुभारंभ हुआ। उर्जा से भरपूर समिति के सद्स्यों ने श्रीराम जी नारों से सभागार में उर्जा भर दी। श्री धुनुषधारी रामलीला मण्डल के कलाकारों ने भगवान श्री हरि विष्णु और माता लक्ष्मी की भव्य झाँकी की आरती व स्तुति के साथ लीला का शुभारंभ किया।

सनातन धर्म व राष्ट्र मंगल की कामना को लेकर आयोजित बस्ती की रामलीला के शुभारंभ अवसर पर जिले के मुख्य विकास अधिकारी राजेश प्रजापति ने कहा कि गुरु वशिष्ठ की धरा पर आयोजित पर रामलीला धार्मिक, ऐतिहासिक व सांस्कृतिक महत्व के प्रति श्रद्धा का विषय है, उन्होंने भगवान राम को जन जन का आराध्य व सर्व समाज के लिए आदर्श बताते हुए कहा कि भगवान राम का जीवन चरित्र प्रत्येक मानव मात्र के लिए अनुकरणीय है। भगवान श्री राम के जीवन से हमें हर पल शिक्षा मिलती है। भगवान राम के जीवन चरित्र पर आधारित श्री रामलीला महोत्सव का आयोजन प्रत्येक गांव में होना चाहिये। उन्होंने का कि प्रभु की कृपा है कि आज रामलीला के उद्घाटन में सपत्नीक सम्मिलित होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। रामलीला मंचन को देखकर मैं अभिभूत हूं। डॉ. श्रेया ने दर्शकों को सुंदर सा भजन सुनाकर प्रेक्षागृह को और भक्तिमय बना दिया।

Shri Ramlila Mahotsav

समिति के सदस्य सुभाष शुक्ल ने शिव पार्वती संवाद और नारद मोह की लीला से मिलने वाले मानव उपयोगी विषयों पर प्रकाश डाला। पहले दिन की लीला में कथा व्यास पण्डित कृष्ण मोहन पांडेय ने शंकर-पार्वती संवाद, नारद मोह तक का मंचन सफल निर्देशन में करवाया।
पूँछेउ रघुपति कथा प्रसंगा। सकल लोक जग पावनि गङ्गा।। से शुरू हुए मंचन में भगवान शिव माता पार्वती को भगवान राम की कथा सुनाते हुये नारद मोह का वर्णन करते हैं।

इसे भी पढ़ें: समाज में महिलाओं की स्थिति

नारद की भूमिका मे रमेश कुमार पांडेय ने बहुत ही सुंदर प्रस्तुति की विश्वमोहिनी के रूप में मोहित देवर्षि नारद जब भगवान विष्णु (अभिषेक झा) के पास उनके जैसा सुंदर रूप मांगने जाते हैं तब भगवान विष्णु ने कहा कि-
जेहिं बिधि होइहि परम हित नारद सुनहु तुम्हार।
सोइ हम करब न आन कछु वचन न मिषा हमार।।

इस तरह से लीला का मंचन बहुत ही भावविभोर करने वाला रहा। लोगों ने हास्य कलाकर रुद्र नारायण के हास्य पर खूब ठहाके लगाये। इस अवसर पर सुभाष शुक्ल, अखिलेश दूबे, कैलाश नाथ दूबे, रमेश सिंह, हरि प्रसाद पांडेय, बृजेश सिंह मुन्ना, आचार्य हरीश त्रिपाठी, वीरेंद्र त्रिपाठी, राहुल त्रिवेदी, भोलानाथ चौधरी, अनिल मिश्र, पंकज त्रिपाठी, जॉन पांडेय, विनय शुक्ल, रामविनय पांडेय, रोहन दूबे, कात्यायनी दूबे, पूजा दूबे, ज्योति, अमन, अंकित, अभय, शशांक आदि लोग उपस्थित रहे।

इसे भी पढ़ें: वीसी पाण्डेय ने जन सम्पर्क कर दिया योजनाओं की जानकारी

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here